भीषण गर्मी में बूंद-बूंद को तरसे ग्रामीण: चक खेड़ली में 15 दिनों से हैंडपंप खराब, मटका फोड़ प्रदर्शन की चेतावनी
इटावा (कोटा)। उपखंड क्षेत्र की ग्राम टोडी खेड़ली के वार्ड नंबर 7, चक खेड़ली में इन दिनों भीषण गर्मी के बीच पेयजल संकट गहरा गया है। गांव का इकलौता सार्वजनिक हैंडपंप पिछले 15 दिनों से खराब पड़ा है, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। विभाग की अनदेखी से आक्रोशित ग्रामीणों ने अब आर-पार की लड़ाई का ऐलान करते हुए एसडीएम कार्यालय पर प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
1 किलोमीटर दूर से पानी लाने को मजबूर महिलाएं
ग्रामीणों ने बताया कि पारा चढ़ने के साथ ही पानी की खपत दोगुनी हो गई है, लेकिन एकमात्र सहारा 'हैंडपंप' जवाब दे गया है। हालात इतने खराब हैं कि महिलाओं और बच्चों को तपती दोपहरी में करीब 1 किलोमीटर दूर खेतों के ट्यूबवेल या दूसरे मोहल्लों से पानी ढोना पड़ रहा है। सुबह और शाम का कीमती 3-4 घंटा सिर्फ पानी के इंतजाम में बीत रहा है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और घरेलू कामकाज बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं।
मवेशी प्यासे, गरीब खरीदने को मजबूर
पानी की किल्लत का असर सिर्फ इंसानों पर ही नहीं, बल्कि मवेशियों पर भी पड़ रहा है। चिलचिलाती धूप में पशुओं के लिए पानी का प्रबंध करना चुनौती बन गया है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार पानी के टैंकर खरीदने को मजबूर हैं, जो उनके बजट पर भारी पड़ रहा है।
प्रशासन की चुप्पी पर फूटा गुस्सा
ग्रामीणों का आरोप है कि समस्या के संबंध में 15 दिन पहले ही ग्राम पंचायत और पीएचईडी (PHED) विभाग को सूचित कर दिया गया था, लेकिन दो सप्ताह बीत जाने के बाद भी कोई कर्मचारी सुध लेने नहीं पहुँचा। ग्रामीणों ने प्रशासन की इस सुस्ती पर कड़ा रोष व्यक्त किया है।
"हमने कई बार शिकायत की लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। अगर 2 दिन के भीतर हैंडपंप ठीक नहीं किया गया या टैंकरों से वैकल्पिक आपूर्ति शुरू नहीं हुई, तो हम एसडीएम कार्यालय के सामने मटका फोड़ प्रदर्शन करेंगे।" > — आक्रोशित ग्रामीण, चक खेड़ली
प्रमुख माँगें:
वार्ड नंबर 7 (चक खेड़ली) के खराब हैंडपंप की तत्काल मरम्मत।
मरम्मत होने तक गांव में सरकारी टैंकरों से पानी की सप्लाई।
भविष्य में ऐसी स्थिति से निपटने के लिए स्थायी समाधान।