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बिहार का भविष्य हो रहा बर्बाद आखिर इसका जिम्मेदार कौन? इस बिहार की धरती पर न जाने कितने महापुरुषों ने जन्म लिया। इस ब

बिहार का भविष्य हो रहा बर्बाद आखिर इसका जिम्मेदार कौन?

इस बिहार की धरती पर न जाने कितने महापुरुषों ने जन्म लिया। इस बिहार को लोकतंत्र का जननी ,महावीर की जन्मभूमि ,बुद्ध की कर्मभूमि सिखों के दसवें गुरु गुरु गोविंद सिंह की जन्म भूमि के नाम से जानते हैं।और आज बिहार की यह स्थिति हो चुकी है, जिसे शब्दों में कह पाना मुश्किल है। फिर भी हम आज आप लोगों के बीच बिहार का एक ऐसा सच लाने जा रहे हैं जिसे जानकर आप भी हैरान रह जाइएगा। बताते हुए बहुत शर्म आ रही है। क्या आज बिहार कहां से कहां चल गया। एक तरफ जहां माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी अप्रैल 2016 से शराबबंदी जैसे सख्त कानून बनाई और बिहार में शराबबंदी कर दी। यह फैसला बिहार के हित के लिए अच्छा था ,और इस फैसले के बाद बिहार में प्रतिदिन ना जाने कितनी शराब कारोबारी ,शराब पीने वाले को बिहार पुलिस ने जेल भेजा ।इस शराब बंदी कानून की वजह से अब कोई भी शराबी खुलेआम शराब नहीं पीता क्योंकि इस शराब बंदी कानून की वजह से उनके अंदर डर बैठ गया है ।लेकिन अब बिहार में देखा जा रहा है कि जबसे शराबबंदी हुई है तब से बिहार के अंदर बिहार के युवाओं ने नशा करने का तरीका बदल लिया है ।अब बिहार के अंदर युवाओं को छोड़िए छोटे-छोटे (कॉलेज) के बच्चे खतरनाक से खतरनाक नशा करने लगे हैं। ऐसी_ ऐसी नशा जिस की लत एक बार लग जाए तो छुड़वाना काफी मुश्किल है। आज बिहार के अंदर कोकीन, टोल्यूइन जिसे आम भाषा में हम सुलेशन कहते हैं, ढाईलोटर जैसे खतरनाक नशा आज बिहार के छोटे-छोटे बच्चे कर रहे हैं। नशा एक ऐसी चीज है जो आपको आर्थिक, मानसिक, शारीरिक तौर पर काफी नुकसान पहुंचाता है। जिस उम्र में इनको स्कूल कॉलेज जाना चाहिए उस उम्र में यह सुलेशन, ढाईलोटर जैसे खतरनाक नशा कर रहे हैं। बिहार की भविष्य को बचाने के लिए बिहार सरकार को देखकर ही रणनीति बनानी चाहिए। आजकल इस तरह की खतरनाक नशा शहर के साथ-साथ गांव में दिखा जा रहा है। यह नशा खासकर किशोरावस्था को ज कर रहा है। विडंबना यह है कि आज हमारा बिहार और देश का भविष्य बर्बाद हो रहा है। बहुत सारे न्यूज़ चैनल सोशल मीडिया के माध्यम से यह देखने को मिलता है कि पटना की सड़कों पर सुरेशन भी दिन नजर आ जाते हैं बच्चे, नशा मस्त होकर घूम रहे बच्चे लड़खड़ाते हुए कहते हैं कि बिकेगा तो पिएंगे। इस तरह का दृश्य पटना में महावीर मंदिर के आसपास दिख जाएगा। हाजीपुर में स्टेशन के आसपास दिखेगा, मंदिर स्टेशन पर आए हुए लोगों से छोटे-छोटे बच्चे भीख मांगकर इस तरह का नशा करते हैं । हम सरकार से अनुरोध करते हैं विनती करते हैं कि सरकार जल्द से जल्द करें रणनीति बनाएं न तो कहीं बिहार के भविष्य को बचाने में कहीं देर ना हो जाए।


अभिषेक सिंह
विधि छात्र
बिहार इंस्टिट्यूट ऑफ़ लॉ ,पटना

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