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सहयोग

सहयोग एक ऐसा भाव है जो अगर निस्वार्थ भाव से जुडा हो तो सर्वोत्तम रत्न बन जाता है / दुनिया में ऊंच नीच, आर्थिक विषमताएं सदैव से विद्यमान रही है / सहयोग एक ऐसा भाव रहा है जिससे एक मनुष्य किसी दूसरे मनुष्य की सहायता कर उसे अपनी विषम परिस्थितियों से जूझने में एक कंधेरूपी सहारा प्रदान करता है/ संसार भर में आज स्वार्थ की एक व्यापक खाद सर्वत्र विद्यमान देखी जा सकती है/ परंतु फिर भी अगर कोई आपके जीवन में आपका सहयोगी रहा हो वह आपके पास अमूल्य धरोहर है/ सुना है दुख और कष्ट मनुष्य को अपने तथा पराए का सटीक आभास करा देते हैं / यही वह समय होता है जिस समय मनुष्य को सहयोग की आवश्यकता होती है यह सहयोग उसके जीवन को इन विषम परिस्थितियों से उबरने में मदद करता है / सर्व विदित है कि भूख हो तो भोजन का महत्व है अन्यथा पेट भरने के पश्चात भोजन व्यर्थ दिखाई पड़ता है /मेरा स्वम निजी विचार है कि सहयोग जीवन मे मिला वह वरदान है जो मनुष्य को कभी नहीं भूलना चाहिए /मुझे स्वम याद है कक्षागत जीवन मे एक अध्यापक का मृदुल व्यवहार मेरे लिए ऐसा सहयोग रहा जिसने मुझे डर के साये से निकाल कर शिक्षा अर्जन की ओर प्रेरित किया / बचपन के पलों में मुझे याद है किसी दिन मुझे शिक्षित करने वाले दो अध्यापकों ने मार्ग में मेरे से मिलना हुआ तो वे दोनों चाट पकौड़ी खा रहे थे/ मुझे आता देख उन्होंने मुझे भी अपनी तरफ से चाट पकौड़ी खिलाई / उनके इस सहयोगी व्यवहार को देखकर आज भी मन में सद्भाव तथा श्रद्धा उमड़ पड़ती है / मेरा सोचना है सहयोग चाहे धन का हो, चाहे तन का हो लौटाया जा सकता है परंतु वह मन जिसने सहयोग के भाव से आपके लिए पुरुषार्थ किया हो उस मन का ऋण कभी चुकाया नहीं जा सकता/ सहयोग भाव से पूरित होता है / इसलिए आपको विनम्रता से सहयोग करने वाले व्यक्तित्व का रक्षण करना चाहिए/ सहयोग की मात्रा महत्व नहीं रखती अपितु महत्व सहयोग पाने वाले की आवश्यकता रखती है/
मै सदैव उस व्यक्तित्व के प्रति श्रद्धावान बना रहूंगा जिन्होंने मेरे जीवन में मेरा तनिक भी सहयोग किया हो, ऐसी ही पाठकों से भी अपेक्षा की जाती है कि वह भी उन व्यक्तित्व का सदैव रक्षण करें जिन्होंने किसी भी परिस्थिति में किसी भी साधन से आपका सहयोग किया हो तथा उनके द्वारा किए जाने वाले सहयोग को आप हमेशा श्रद्धा भाव की नजर से देखेंगे ना कि चुकाने वाले भाव से / क्योंकि सहयोग का मोल लगाना सहयोग करने वाले की श्रद्धा का अपमान है /
अभिषेक धामा

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Comment
  • Prince Kumar

    बहुत ही सुंदर विचार