logo
Select Language
Hindi
Bengali
Tamil
Telugu
Marathi
Gujarati
Kannada
Malayalam
Punjabi
Urdu
Oriya

गेंगटा में प्रभु श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा की द्वितीय वर्षगाँठ पर भव्य धर्म यात्रा, उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब।

ख़बर (सिद्धार्थनगर)

सिद्धार्थनगर जनपद के गेंगटा गांव में हिन्दू सनातन धर्म के अनुयायियों द्वारा प्रभु श्रीरामलला के प्राण प्रतिष्ठा की द्वितीय वर्षगाँठ के अवसर पर अत्यंत श्रद्धा, उत्साह और भव्यता के साथ आयोजन किया गया। इस पावन अवसर पर गांव से एक विशाल धर्म यात्रा निकाली गई, जिसका उद्देश्य सनातन धर्म के आदर्शों, मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के जीवन मूल्यों तथा भारतीय संस्कृति के प्रति समाज को जागृत करना रहा।

धर्म यात्रा की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना के साथ की गई। प्रभु श्रीराम के जयघोष, भजनों और कीर्तन के बीच यात्रा गांव के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी। यात्रा में पुरुषों, महिलाओं, बुजुर्गों एवं नवयुवकों की बड़ी संख्या में सहभागिता देखने को मिली। महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में, हाथों में ध्वज लिए हुए चल रही थीं, वहीं नवयुवक उत्साहपूर्वक जय श्रीराम के नारे लगाते हुए लोगों को सनातन धर्म के प्रति जागरूक कर रहे थे।

यात्रा के दौरान प्रभु श्रीराम के आदर्श—सत्य, मर्यादा, त्याग और सेवा—पर प्रकाश डाला गया। वक्ताओं ने कहा कि श्रीराम केवल एक आराध्य ही नहीं, बल्कि एक आदर्श जीवन पद्धति हैं, जिनके बताए मार्ग पर चलकर समाज को सुदृढ़ और संस्कारित बनाया जा सकता है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे नशा, हिंसा और कुरीतियों से दूर रहकर राष्ट्र और समाज निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं।

इस कार्यक्रम के सफल आयोजन में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की महत्वपूर्ण भूमिका रही। आयोजन समिति के प्रमुख सदस्यों शिवम सिंह एवं शुभम सिंह ने व्यवस्थाओं को सुचारु रूप से संभालते हुए कार्यक्रम को सफल बनाया। उनके नेतृत्व में स्वयंसेवकों ने अनुशासन, स्वच्छता और शांति व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा।

आयोजकों ने बताया कि प्रभु श्रीरामलला के प्राण प्रतिष्ठा की वर्षगाँठ केवल उत्सव नहीं, बल्कि समाज को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का माध्यम है। ऐसे आयोजनों से आपसी भाईचारा, सामाजिक समरसता और धार्मिक चेतना को बल मिलता है।

कार्यक्रम शांतिपूर्ण, सुव्यवस्थित एवं भक्तिमय वातावरण में सम्पन्न हुआ। अंत में सभी श्रद्धालुओं ने प्रभु श्रीराम से समाज में सुख, शांति और समृद्धि की कामना की तथा भविष्य में भी ऐसे धार्मिक-सांस्कृतिक आयोजनों को निरंतर आयोजित करने का संकल्प लिया।

29
5120 views

Comment