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दरभंगा में आयुष्मान भारत योजना के तहत निजी अस्पतालों के नए एम्पैनलमेंट पर डीईसी की बैठक, 19 अस्पतालों को मिली स्वीकृति

दरभंगा, 07 जनवरी 2026 – आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत निजी अस्पतालों को सूचीबद्ध करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी दरभंगा कौशल कुमार की अध्यक्षता में डिस्ट्रिक्ट एम्पैनलमेंट कमिटी (DEC) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक का मुख्य एजेंडा जिले में नए निजी अस्पतालों को योजना के तहत शामिल करने की समीक्षा कर स्वीकृति प्रदान करना था। विस्तृत चर्चा के बाद समिति ने 19 नए निजी अस्पतालों को सूचीबद्ध (एम्पैनल) करने की मंजूरी दी।

सूची में शामिल अस्पतालों में—
प्रथमा हॉस्पिटल, वेदांत हॉस्पिटल, शिवांश मैटरनिटी सेंटर, ईआरए लाइफ केयर, श्री राम जानकी आरोग्य निकेतन, डॉ. विवेकानंद पॉल क्लिनिक, गोदावरी जीवछ मेमोरियल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर, एलीट हॉस्पिटल, पन्ना यूरो स्टोन एंड ईएनटी हॉस्पिटल, विजन आई हॉस्पिटल, बाबा कुशेश्वरनाथ स्वास्थ्य सेवा सदन, आदिती नर्सिंग होम एंड हॉस्पिटल, लक्ष्मी मेडिकेयर, ग्लोबल हेल्थ केयर एंड डायबिटीज रिसर्च सेंटर, मैं हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर, यू.एन. हॉस्पिटल, सिंह सर्जिकल एंड लेप्रोस्कॉपी सेंटर, डीसीएच इंडिया मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल और फ़रीदिया हॉस्पिटल शामिल हैं।

जिले में पूर्व से 38 अस्पताल पहले ही आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत सूचीबद्ध हैं। नए अस्पतालों के जुड़ने से जिले के आम लोगों को बेहतर, सुलभ और विस्तृत स्वास्थ्य सुविधाएँ मिल सकेंगी। आयुष्मान कार्डधारकों को इलाज के लिए अधिक विकल्प प्राप्त होंगे।

कार्ड निर्माण पर जिलाधिकारी का जोर

जिलाधिकारी कौशल कुमार ने सिविल सर्जन डॉ. अरुण कुमार और आयुष्मान भारत योजना के आईटी प्रबंधक प्रभाकर रंजन को निर्देश दिया कि प्रतिदिन 2,000 से 2,500 आयुष्मान कार्ड अवश्य बनाए जाएं। उन्होंने जनवरी माह के अंत तक 50 हजार आयुष्मान कार्ड बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया।
बैठक में बताया गया कि आयुष्मान कार्ड बनते ही लाभुकों को 5 लाख रुपये तक की नि:शुल्क उपचार सुविधा उपलब्ध हो जाती है, जो गंभीर बीमारियों के उपचार में बड़ी राहत प्रदान करती है।
6 महीने में 6 लाख से अधिक कार्ड बने
जिलाधिकारी के मार्गदर्शन और सतत मॉनिटरिंग के कारण पिछले छह महीनों में 6 लाख से अधिक आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं, जिससे जिले के लाखों लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिला है।

उन्होंने संबंधित सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्ड निर्माण और अस्पतालों के एम्पैनलमेंट की प्रक्रिया को और गति दी जाए, ताकि कोई भी पात्र परिवार योजना के लाभ से वंचित न रह जाए।
बैठक में सिविल सर्जन डॉ. अरुण कुमार, उप निदेशक जनसंपर्क सत्येंद्र प्रसाद, आयुष्मान योजना के आईटी प्रबंधक प्रभाकर रंजन, डॉ. रवि कुमार समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

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