logo
Select Language
Hindi
Bengali
Tamil
Telugu
Marathi
Gujarati
Kannada
Malayalam
Punjabi
Urdu
Oriya

बरेली की हालिया घटना हम सभी के लिए, और खासकर जोश से भरे युवाओं के लिए एक बड़ी चेतावनी है

बरेली की हालिया घटना हम सभी के लिए, और खासकर जोश से भरे युवाओं के लिए एक बड़ी चेतावनी है। बजरंग दल के नेता ऋषभ ठाकुर पर पुलिस ने 'गुंडा एक्ट' लगाकर उन्हें 6 महीने के लिए बरेली से 'जिला बदर' कर दिया है। आरोप? कैफे में बर्थडे मना रहे युवाओं के साथ 'लव जिहाद' के नाम पर मारपीट।

यह खबर केवल एक कानूनी कार्रवाई नहीं है, बल्कि उन युवाओं के लिए एक कड़वा सबक है जो धर्म और विचारधारा के नाम पर कानून हाथ में लेते हैं:

जब पुलिस घर पर आती है या कोर्ट के चक्कर काटने पड़ते हैं, तो भड़काने वाले 'आका' कहीं नजर नहीं आते। लड़ाई आपको और आपके परिवार को अकेले ही लड़नी पड़ती है।

करियर का अंत: 'गुंडा एक्ट' जैसे मुकदमे लगने के बाद सरकारी नौकरी तो दूर, अच्छी प्राइवेट कंपनियाँ भी रास्ता दिखा देती हैं। एक पल का आवेश पूरे जीवन का अंधकार बन सकता है।

संविधान सर्वोपरि: भारत एक लोकतांत्रिक देश है। यहाँ कानून अपना काम करता है। किसी को भी यह अधिकार नहीं है कि वह 'मोरल पुलिस' बनकर किसी की निजता का हनन करे या मारपीट करे।

जिन्होंने आपका 'ब्रेन वॉश' किया है, वे खुद सुरक्षित कमरों में बैठकर राजनीति करते हैं। वे आपको ढाल बनाकर इस्तेमाल करेंगे और वक्त आने पर किनारे कर देंगे।

किसी के हाथ की कठपुतली न बनें। अपनी ऊर्जा अपनी पढ़ाई, करियर और समाज की भलाई में लगाएँ। कट्टरता नहीं, काबिलियत आपको महान बनाएगी।

3
848 views

Comment