हजारीबाग जिले के विकास कार्यों को रफ्तार देने के लिए आज डाड़ी प्रखंड में महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक और स्थलीय निरीक्षण किया गया।
हजारीबाग जिले के विकास कार्यों को रफ्तार देने के लिए आज डाड़ी प्रखंड में महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक और स्थलीय निरीक्षण किया गया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य सरकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत को परखना और ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना था।
निरीक्षण की शुरुआत बलसगरा पंचायत भवन से हुई। यहाँ मनरेगा के MIS डेटा की बारीकी से जांच की गई ताकि पारदर्शिता बनी रहे। प्रशासन ने एक संवेदनशीलता भरा फैसला लेते हुए प्रज्ञा केंद्र को भवन के ऊपरी तल से हटाकर भूतल (Ground Floor) पर संचालित करने का निर्देश दिया है। इसका सीधा लाभ बुजुर्गों और दिव्यांगजनों को मिलेगा, जिन्हें अब सीढ़ियां चढ़ने की परेशानी नहीं होगी। साथ ही, जाति और आवासीय प्रमाण पत्र के लंबित आवेदनों को जल्द से जल्द निपटाने पर जोर दिया गया।
शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए राजकीयकृत मध्य विद्यालय, बलसगरा का भी औचक निरीक्षण किया गया। यहाँ शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति की जांच ई-विद्या वाहिनी पोर्टल के माध्यम से की गई। इसके अलावा, मिड-डे मील यानी मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता को चखा गया और साफ-सफाई के सख्त निर्देश दिए गए।
किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए राबोध पैक्स (PACS) का भी जायजा लिया गया। धान अधिप्राप्ति (Paddy Procurement) के अभिलेखों की जांच के साथ-साथ खाद्यान्न भंडारण की स्थिति देखी गई। अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिए कि ज्यादा से ज्यादा किसानों का पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए ताकि उन्हें अपनी उपज बेचने में कोई असुविधा न हो।
प्रशासन के इस सक्रिय रुख से डाड़ी प्रखंड में विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आने की उम्मीद है।