तत्कालीन थाना प्रभारी सहित 12 के खिलाफ एसआईटी ने दाखिल की 28 पन्नों की चार्ज शीट 50 लोगों को बनाया गवाह ---
उधमसिहनगर---जमीन की धोखाधड़ी और पुलिस की कार्य प्रणाली से आहत होकर हल्द्वानी के गोलापार स्थित खुद को गोली मारकर आत्महत्या करने वाले काशीपुर निवासी सुखवंत सिंह प्रकरण में एसआईटी ने
शनिवार को। जे यू डीसीएल मजिस्ट्रेट काशीपुर की अदालत में चार्ज शीट दाखिल कर दी। 28 पेज के आरोप पत्र मैं तत्कालीन आईटीआई कोतवाली थाना अध्यक्ष कुंदन सिंह रौतेला समेत 12 आरोपी को नामजत किया गयाहै। जबकि 50 गवाह बनाए गएहै।
एसआईटी ने एक आरोपित के विरुद्ध आत्महत्या के लिए प्रेरित करने साथ आरोपित धोखाधड़ी और आत्महत्या के लिए उकसाने तथा चार आरोपितो पर धमकाने का आरोप लगाया है। मामले में अभी अन्य आरोपितों के विरुद्ध विवेचना जारी है काशीपुर के ग्राम पैगा निवासी सुखवंत सिंह ने 10-11 जनवरी 2026 की रात हल्द्वानी के गोलापार स्थित होटल में गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी आत्महत्या से पहले इंटरनेट मीडिया पर एक वीडियो पर प्रसारित किया था और पुलिस को सुसाइड नोट भी मिला था सुसाइड नोट मैं उसने तत्कालीन पुलिस अधिकारियों समेत कई अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया था
घटना के बाद तत्कालीन एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित की थी। बाद में पुलिस मुख्यालय स्तर से जांच जिला एसआईटी से हटकर आईजी निलेश आनंद भरणे की अध्यक्षता में नई एसआईटी का गठन किया।
सूत्रों के अनुसार आईटीआई कोतवाली में कुल 26 लोगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज है। एसआईटी ने 79 जांच के बाद12 आरोपितों विरुद्ध चार्ज शीट दाखिल की है। जबकि शेष आरोपितों के संबंध में विवेचना अभी जारी है
विमल कुमार, आशीष चौहान उर्फ पटवारी, कुलविंदर सिंह जैसी, अमरजीत सिंह, जगपाल सिंह, गुरुप्रेम सिंह, जाहिर पर आत्महत्या के लिए उकसाने, धोखाधड़ी और धमकाने का आरोप तत्कालीन थाना अध्यक्ष आईटीआई कोतवाली कुंदन सिंह रौतेला पर आत्महत्या के लिए उकसाने और धमकाने का आरोप बलवंत सिंह उर्फ काले, जगवीर सिंह उर्फ़ जगवीर राय, मनप्रीत सिंह और सुखवंत सिंह पन्नू पर धमकाने का आरोप।
एसआईटी के अनुसार मामले में कुछ आरोपितों जानकारी अभी पूरी तरह नहीं मिल पाई है। जिनके विरुद्ध जांच जारी है। अदालत में चार्ज शीट दाखिल होने के बाद मामले की सुनवाई आगे बढ़ेगी।