निमोला पंचायत में निर्माण कार्यों पर उठे सवाल, 15 लाख के बाद 10 लाख की सड़क भी जांच के घेरे में
(पार्ट–2)
निमोला पंचायत में निर्माण कार्यों पर उठे सवाल, 15 लाख के बाद 10 लाख की सड़क भी जांच के घेरे में
एक के बाद एक निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल, तकनीकी मानकों की अनदेखी की आशंका
किशन लाल जागिड़
संवाददाता,
9829276941
ग्राम पंचायत निमोला में विकास कार्यों को लेकर लगातार सवाल उठते जा रहे हैं। पहले सामने आई करीब 15 लाख रुपये की लागत से बनी सीसी रोड में अनियमितताओं के आरोपों के बाद अब 10 लाख रुपये की एक अन्य सीसी सड़क भी जांच के घेरे में आ गई है।
मौके पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार यह 10 लाख रुपये की सीसी रोड विशेष निधि मद से स्वीकृत होकर वर्ष 2025–26 में बनाई गई थी। निर्माण स्थल पर लगे बोर्ड के अनुसार कार्य ग्राम पंचायत निमोला द्वारा कराया गया। हालांकि, निर्माण के कुछ ही समय बाद सड़क की स्थिति खराब बताई जा रही है, जिससे गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
निरीक्षण के दौरान यह देखा गया कि सड़क की ऊपरी सतह कई स्थानों पर कमजोर नजर आ रही है और सामग्री के बंधन (बॉन्डिंग) में कमी दिखाई दे रही है। प्रारंभिक तौर पर यह आशंका जताई जा रही है कि निर्माण कार्य में निर्धारित तकनीकी मानकों का पूर्ण पालन नहीं किया गया।
इससे पहले सामने आए 15 लाख रुपये के निर्माण कार्य में भी सामग्री के अनुपात एवं गुणवत्ता को लेकर सवाल उठे थे। अब लगातार दूसरे कार्य में भी इसी प्रकार की स्थिति सामने आने से पूरे मामले को लेकर संदेह और गहरा गया है
सूत्रों का कहना है कि निर्माण कार्यों में निगरानी की कमी के कारण इस प्रकार की स्थिति उत्पन्न हो रही है। तकनीकी अमले की नियमित जांच और गुणवत्ता परीक्षण नहीं होने से निर्माण कार्य अपेक्षित स्तर पर नहीं हो पा रहे हैं।
सरकारी राशि से किए जा रहे इन विकास कार्यों का उद्देश्य ग्रामीणों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराना है, लेकिन यदि निर्माण कार्य समय से पहले ही क्षतिग्रस्त होने लगें तो यह चिंता का विषय बन जाता है
प्रशासन से अपेक्षा
मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए दोनों निर्माण कार्यों की तकनीकी जांच कराई जाए तथा गुणवत्ता में कमी पाए जाने पर संबंधित जिम्मेदारों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।