औरैया में 1-2 रुपये के सिक्के लेने से इनकार
RBI ने कहा- ये वैध हैं, मना करने पर करें शिकायत
उत्तर प्रदेश के औरैया जिले के ग्रामीण इलाकों जैसे सेंगनपुर, भीखेपुर और अकबरपुर में 1 और 2 रुपये के सिक्कों का चलन काफी कम हो गया है। दुकानदार और व्यापारी इन सिक्कों को लेने से मना कर रहे हैं, जिससे आम जनता को परेशानी हो रही है। हालांकि, यह कोई आधिकारिक सरकारी फैसला नहीं है।
दुकानदारों का कहना है कि छोटे सिक्के रखने, गिनने और वापस करने में असुविधा होती है। उनका तर्क है कि इन सिक्कों के कारण उनके पास खुले पैसों की समस्या बढ़ जाती है।
ग्रामीण क्षेत्रों में इन सिक्कों को लेकर अफवाहें भी फैली हुई हैं। सोशल मीडिया पर ऐसी खबरें आती हैं कि ये सिक्के 'बंद' हो गए हैं या नकली हैं, जिसके कारण लोग इन्हें स्वीकार करने से हिचकिचाते हैं।
एक अन्य व्यावहारिक समस्या यह है कि ग्राहक छोटे सिक्के देते हैं, लेकिन बदले में बड़े नोट या सिक्के मांगते हैं। इससे दुकानदारों के पास खुले पैसों की कमी हो जाती है। कुछ जगहों पर तो 100 रुपये के बदले 105 रुपये के खुले पैसे देने की बात भी सामने आई है।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने इस संबंध में अपना रुख स्पष्ट किया है। RBI ने बार-बार कहा है कि 50 पैसे, 1 रुपये, 2 रुपये और 5 रुपये सहित सभी सिक्के पूरी तरह से वैध मुद्रा (लीगल टेंडर) हैं। कोई भी दुकानदार या व्यक्ति इन्हें लेने से मना नहीं कर सकता।
यदि कोई इन सिक्कों को स्वीकार करने से मना करता है, तो उसकी शिकायत की जा सकती है। कुछ स्थानों पर जिला प्रशासन ने दुकानदारों को इस संबंध में चेतावनी भी दी है। प्रशासन ने लोगों से डिजिटल भुगतान (जैसे UPI, Paytm) का उपयोग करने की अपील की है, जिससे ऐसी समस्याओं को कम किया जा सके।
यह समस्या मुख्य रूप से ग्रामीण और छोटे बाजारों में देखी जा रही है। आधिकारिक तौर पर 1 और 2 रुपये के सिक्के बंद नहीं किए गए हैं; यह केवल स्थानीय स्तर पर उत्पन्न हुई एक अनियमितता है।